फ्रंट पेज न्यूज़,बंजार।
बंजार बाजार में एक वाहन का कथित तौर पर 20 से 30 सेकंड के लिए रुकना विवाद का कारण बन गया है। व्यापार मंडल बंजार ने इस मामले को केवल चालान का विषय न बताते हुए पुलिस कर्मियों के व्यवहार और

कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। इस संबंध में व्यापार मंडल बंजार के प्रधान प्रमेश शर्मा ने एसडीएम बंजार, डीएसपी बंजार तथा एसपी कुल्लू को ई-मेल के माध्यम से शिकायत पत्र भेजकर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

जानकारी के अनुसार शुक्रवार दोपहर लगभग 3:20 बजे पंजाब नेशनल बैंक, बंजार के समीप एक वाहन शर्मा बुक डिपो में एक बंडल पहुंचाने के लिए कुछ क्षणों के लिए रुका था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार वाहन मुश्किल से 20 से 30 सेकंड तक ही वहां खड़ा रहा। इसी दौरान एक पुलिस कांस्टेबल और एक एएसआई निजी बाहन में पीछे चल रहे थे कि जोर-जोर से होरन बजने लगे और वाहन चालक के विरुद्ध चालान की कार्रवाई कर दी।

व्यापार मंडल के प्रधान प्रमेश शर्मा ने कहा कि व्यापार मंडल हमेशा यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के पक्ष में रहा है तथा प्रशासन और पुलिस को हर संभव सहयोग देता आया है। उन्होंने कहा कि बंजार बाजार में अक्सर लंबे समय तक जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे आम लोगों के साथ-साथ आपातकालीन सेवाएं भी प्रभावित होती हैं। इसके बावजूद व्यापारी वर्ग व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करता है।

उन्होंने कहा कि यह मामला केवल एक चालान का नहीं है, बल्कि पुलिस के व्यवहार और जनता के प्रति उसके दृष्टिकोण से भी जुड़ा हुआ है। यदि किसी व्यक्ति द्वारा सामान उतारने जैसे छोटे कार्य के लिए वाहन कुछ सेकंड के लिए रोका जाता है तो ऐसी परिस्थितियों में पुलिस का व्यवहार संयमित और संवेदनशील होना चाहिए।

व्यापार मंडल ने आरोप लगाया है कि संबंधित पुलिस कर्मियों का व्यवहार अपेक्षित मर्यादा के अनुरूप नहीं था। मंडल का कहना है कि कानून का पालन करवाना पुलिस की जिम्मेदारी है, लेकिन इसके साथ-साथ आम नागरिकों और व्यापारियों के सम्मान का ध्यान रखना भी उतना ही आवश्यक है।

व्यापार मंडल ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर तथ्यों के आधार पर उचित कार्रवाई की जाए तथा भविष्य में जनता और व्यापारियों के साथ सौहार्दपूर्ण एवं सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित किया जाए।
प्रधान प्रमेश शर्मा ने बताया कि इस संबंध में विस्तृत शिकायत पत्र एसडीएम बंजार, डीएसपी बंजार तथा एसपी कुल्लू को ई-मेल के माध्यम से भेज दिया गया है और मामले में उचित कार्रवाई की अपेक्षा की गई है।









