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खाड़ागाड़ पंचायत में निर्विरोध चुनाव की परंपरा कायम, दो वार्डों में सर्वसम्मति से चुने गए पंच।

फ्रंट पेज न्यूज़,बंजार (कुल्लू)।


उपमंडल बंजार की खाड़ागाड़ पंचायत एक बार फिर सामाजिक एकता, भाईचारे और लोकतांत्रिक परिपक्वता की प्रेरणादायक मिसाल बनकर सामने आई है। पंचायत के रशाला वार्ड से रीना देवी को वार्ड पंच पद के लिए निर्विरोध चुना गया है। वहीं, इससे एक दिन पूर्व सर वार्ड में भी मीना  देवी का चयन सर्वसम्मति से वार्ड पंच के रूप में किया गया।


इस प्रकार पंचायत के दो वार्ड—सर और रशाला—में बिना किसी मुकाबले के सर्वसम्मति से पंच चुने जाने से पूरे क्षेत्र में सकारात्मक और सौहार्दपूर्ण माहौल बना हुआ है। यह लगातार दूसरी बार है जब पंचायत में निर्विरोध चुनाव की परंपरा को मजबूती मिली है। इससे पहले पिछले चुनाव में भी रशाला वार्ड से सुशीला निर्विरोध चुनी गई थीं।

मीना देवी (सर वार्ड)


भौगोलिक दृष्टि से विस्तृत खाड़ागाड़ पंचायत कोटलाधार से लेकर तुगभद्रा नदी तक फैली हुई है और यह पांच वार्डों—घयागी, खून्न, सलाणू, रशाला और सर—में विभाजित है। बीते दो दशकों में यह क्षेत्र एक उभरते पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित हुआ है, जिसने स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई दिशा और मजबूती प्रदान की है।

रीना देवी (रशाला वार्ड)


ग्रामीणों का मानना है कि सर्वसम्मति से लिए गए ऐसे निर्णय विकास कार्यों को गति देने, पारदर्शिता बनाए रखने और बेहतर प्रशासन सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। व्यक्तिगत हितों से ऊपर उठकर सामूहिक सोच के साथ निर्णय लेना पंचायत में सामाजिक समरसता और आपसी विश्वास को और सुदृढ़ करता है।

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गौरतलब है कि इस बार पंचायत प्रधान का पद अनारक्षित महिला वर्ग के लिए आरक्षित है। ऐसे में पूरे पंचायत क्षेत्र की नजर अब आगामी चुनाव प्रक्रिया पर टिकी हुई है। यदि खाड़ागाड़ पंचायत पूर्ण रूप से निर्विरोध चुनी जाती है, तो यह न केवल पूरे विकासखंड के लिए एक अनुकरणीय उदाहरण बनेगी, बल्कि सरकार द्वारा निर्विरोध चुनाव को प्रोत्साहित करने के तहत मिलने वाली प्रोत्साहन राशि भी पंचायत के विकास कार्यों में सहायक सिद्ध होगी।
अब देखने वाली बात यह होगी कि क्या खाड़ागाड़ पंचायत की जनता अपनी सूझबूझ, एकजुटता और परिपक्वता का परिचय देते हुए पूरे पंचायत को सर्वसम्मति से चुनने में सफल होती है या यह परंपरा केवल कुछ वार्डों तक ही सीमित रहती है।

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क्षेत्र की जागरूकता, शिक्षा स्तर और मजबूत सामाजिक ताने-बाने को देखते हुए यह उम्मीद की जा रही है कि खाड़ागाड़ पंचायत भविष्य में भी एकता, सहयोग और विकास की ऐसी ही मिसाल कायम रखेगी।

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