फ्रंट पेज न्यूज़ बंजार/आनी।
National Highway 305 (एनएच-305) पर ऑट से बंजार की ओर जाने वाला मार्ग इन दिनों अत्यंत दयनीय और खतरनाक स्थिति में पहुंच चुका है। पहले ही जोखिमपूर्ण माने जाने वाले इस मार्ग को हालिया मानसून ने और अधिक क्षतिग्रस्त कर दिया है। जगह-जगह भूस्खलन, पत्थरों की लगातार गिरावट, सड़क धंसने और मलबा जमा होने से यह मार्ग यात्रियों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है।
प्रमुख खतरे के बिंदु
लारजी जलाशय के पास आरसीसी ब्रिज रोड: सड़क का बायां हिस्सा क्षतिग्रस्त, जलभराव की स्थिति।
लारजी बाजार के आगे स्कूल के पास: पहाड़ियां दरक रही हैं, घरों सहित मलबा राजमार्ग पर गिर रहा है।
थुआरी गांव से पहले: लगभग 500 मीटर क्षेत्र में विशाल पत्थर राजमार्ग पर गिर रहे हैं।
थावरी के बाद तीव्र मोड़ के पास: होम स्टे और कैफे क्षेत्र के पास 600 मीटर लंबा संवेदनशील हिस्सा।

धामन गांव से पहले: संकरी गली में बड़े पत्थर लटके हुए, बना रैंप अत्यंत जोखिम भरा।
श्री हनुमान मंदिर मोड़ (धामन के बाद): भारी पत्थर गिरने का स्थायी खतरा।
शिल्ली बेहाल (बालीचौकी के पास): कोटला जंक्शन से गुफा मंदिर तक मार्ग धंस रहा है।
नल्लन गांव से मंगलौर पुल तक: सड़क की स्थिति अत्यंत भयावह, भूमि धंसाव और गाद फैलने की समस्या।
फागुपुल–तरगली मार्ग: लगातार मलबा और पत्थरों की बारिश।
तरगाली–चिउंटा पुल: दो खतरनाक स्थल, विशेषकर पुल से पहले का तीव्र मोड़।
शराई गांव: सड़क 6–7 फीट तक धंस चुकी है — यह सबसे चुनौतीपूर्ण बिंदु माना जा रहा है।
खुंदन ब्रिज से तिर्थन जंक्शन तक: लगातार पत्थर और मलबा गिरने की आशंका।
इसके अतिरिक्त बंजार-जिभी रोड, बंजार-बाथड़ रोड, बंजार-बलागर-लतीपरी-भारतीधर मार्ग तथा बंजार से जयपुर पलाच वैली रोड पर भी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
आपातकालीन मार्ग होने के बावजूद लापरवाही
यह मार्ग आंतरिक सिराज क्षेत्र को बाहरी दुनिया से जोड़ने वाला प्रमुख और कई बार एकमात्र आपातकालीन संपर्क मार्ग है। ऐसे में इसकी बदहाल स्थिति किसी भी बड़े हादसे को न्योता दे सकती है।

एनएचएआई से तत्काल कार्रवाई की मांग
स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता हेम राज शर्मा (पलाच घाटी, बंजार) सहित क्षेत्रवासियों ने National Highways Authority of India (एनएचएआई) से मांग की है कि:
संवेदनशील स्थलों पर तुरंत मलबा हटाने की व्यवस्था की जाए
ढलानों पर सुरक्षात्मक जाल (नेट) और रिटेनिंग वॉल का निर्माण हो
चेतावनी संकेतक और रात्रि प्रकाश की व्यवस्था हो
नियमित निगरानी एवं आपातकालीन दल तैनात किए जाएं
प्रशासन और जनता दोनों को सतर्क रहने की जरूरत
मानसून के इस दौर में ज़रा सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। प्रशासन को जहां त्वरित और ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है, वहीं आम नागरिकों को भी अत्यधिक सतर्कता बरतने की आवश्यकता है।
कृपया सुरक्षित रहें और अनावश्यक यात्रा से बचें।




























