अनुशासन, साधना, संस्कृति और वैज्ञानिक सोच का प्रेरक संगम
फ्रंट पेज न्यूज़ बंजार।
राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई, राजकीय उत्कृष्ट महाविद्यालय बंजार द्वारा आयोजित “सहभागिता” शीर्षक से सात दिवसीय विशेष आवासीय शिविर का द्वितीय दिवस (26 दिसम्बर, 2025) ऊर्जा, अनुशासन और ज्ञानवर्धन से परिपूर्ण रहा। दिनभर चले रचनात्मक, बौद्धिक और व्यक्तित्व विकास कार्यक्रमों ने स्वयंसेवियों में सेवा-भाव, आत्मचिंतन और नेतृत्व क्षमता को सशक्त किया।
प्रातःकालीन अनुशासन से दिन का शुभारंभ
दिवस की शुरुआत प्रातः 4:30 बजे ध्यान सत्र से हुई। इसके पश्चात महाविद्यालय परिसर से बंजार बाजार होते हुए पुनः परिसर तक प्रभात फेरी निकाली गई। स्वयंसेवियों ने अनुशासन, स्वास्थ्य और सामाजिक जागरूकता के संदेशों से आमजन को प्रेरित किया।
राजयोग से आत्मचिंतन की राह
नाश्ते के उपरांत प्रातः 9:00 से 10:00 बजे तक ब्रह्मा कुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय केन्द्र बंजार की बहिनें निमू, पुष्पलता एवं प्रियंका उपस्थित रहीं। उन्होंने आत्मा और परमात्मा विषय पर सारगर्भित व्याख्यान दिया तथा सहज राजयोग अभ्यास करवाया, जिससे स्वयंसेवियों को मानसिक शांति और आत्मबल की अनुभूति हुई।
प्रेरक अकादमिक सत्र व सांस्कृतिक रंग
प्रातः 11:00 से 12:00 बजे तक आयोजित अकादमिक सत्र में महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. राजेश कुमार सिंह मुख्य अतिथि एवं वक्ता रहे।
कार्यक्रम का संचालन स्वयंसेवक स्नेहा ने किया, स्वागत भाषण नेहा ने तथा आभार भाषण करूणा ने प्रस्तुत किया।
सांस्कृतिक मंच पर मोनिका एवं विपाशा ने लोकनृत्य की सुंदर प्रस्तुति दी, जबकि साहिल ने पर्यावरण संरक्षण पर आधारित लोकगीत से सभी को भावविभोर कर दिया।
अपने प्रेरणादायक संबोधन “राष्ट्रीय सेवा योजना और सफल विद्यार्थी जीवन” में प्राचार्य प्रो. सिंह ने लक्ष्य-निष्ठा, नियमित अध्ययन और लेखन को जीवन का अभिन्न अंग बनाने का आह्वान किया। उन्होंने पुस्तकों को मनुष्य का सबसे सच्चा साथी बताते हुए अपने व्यावहारिक अनुभव साझा किए। इस अवसर पर इकाई की वरिष्ठ स्वयंसेवी दुर्गेश्वरी ने भी एनएसएस से जुड़े अनुभव साझा कर नव-स्वयंसेवियों का उत्साह बढ़ाया।
वैज्ञानिक दृष्टि और कौशल विकास
दोपहर भोजन के बाद वाद-विवाद प्रतियोगिता एवं व्यक्तित्व विकास गतिविधियाँ आयोजित की गईं। इसके पश्चात ऑनलाइन सत्र में मुख्य वक्ता के रूप में श्री कर्ण नरेंद्र कृषि विश्वविद्यालय, जोबनेर (जयपुर, राजस्थान) के पादप रोग विज्ञान विभाग के सहायक आचार्य डॉ. मुदस्सर अहमद खान जुड़े। उन्होंने “मशरूम की खेती” विषय पर वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक जानकारी देते हुए एनएसएस के कृषि एवं स्वरोजगार विकास पक्ष पर स्वयंसेवियों को जागरूक किया।















