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राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई एवं हंस फाउंडेशन ने वनों की आग पर आयोजित की प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता

फ्रंट पेज न्यूज़ बंजार।
वनों में बढ़ती आग की घटनाओं के प्रति विद्यार्थियों को जागरूक करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई, राजकीय उत्कृष्ट महाविद्यालय बंजार द्वारा हंस फाउंडेशन बंजार के संयुक्त तत्वावधान में महाविद्यालय के सम्मेलन कक्ष में वनों की आग विषय पर एक प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. राजेश कुमार सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि हंस फाउंडेशन के वनाग्नि जागरूकता प्रकोष्ठ के समन्वयक श्री जितेंद्र कुमार विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। प्रतियोगिता का संचालन राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के कार्यक्रम अधिकारी द्वारा किया गया, जिसमें विद्यार्थियों की चार टीमों—टीम ए (बबलू व उज्ज्वल), टीम बी (मुस्कान व सनेहा), टीम सी (मनु व मिनाक्षी) तथा टीम डी (कविता व उष्मा)—ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता कुल चार चरणों में संपन्न हुई, जिसमें पहले चरण में सभी टीमों से पाँच-पाँच प्रश्न पूछे गए, दूसरे चरण में क्रमवार प्रश्नोत्तर हुए, तीसरे चरण में नकारात्मक मूल्यांकन आधारित प्रश्न शामिल रहे तथा चौथा चरण सामान्य ज्ञान आधारित रैपिड फायर राउंड रहा, जिसने प्रतियोगिता को अत्यंत रोचक बना दिया। सभी टीमों के उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर टीम ए ने प्रथम, टीम बी ने द्वितीय, टीम डी ने तृतीय तथा टीम सी ने चतुर्थ स्थान प्राप्त किया। महाविद्यालय प्राचार्य एवं हंस फाउंडेशन के समन्वयक द्वारा संयुक्त रूप से विजेता तीनों टीमों को पारितोषिक तथा चतुर्थ स्थान प्राप्त करने वाली टीम को सांत्वना पुरस्कार प्रदान किया गया, वहीं उपस्थित विद्यार्थियों के लिए आयोजित रैपिड प्रश्नोत्तरी राउंड में सही उत्तर देने वालों को चॉकलेट वितरित की गईं। इस अवसर पर प्राचार्य प्रो. राजेश कुमार सिंह ने सभी प्रतिभागियों की सराहना करते हुए कहा कि वर्तमान समय में वनों की आग एक गंभीर पर्यावरणीय चुनौती है और इस दिशा में हंस फाउंडेशन द्वारा किए जा रहे जागरूकता प्रयास बंजार क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं; उन्होंने भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रमों में विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता बनाए रखने का आग्रह किया। अंत में सभी का आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम का विधिवत समापन किया गया।

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