फ्रंट पेज न्यूज़ शमशी (कुल्लू)
स्वर्गीय श्री लाल चंद प्रार्थी की 110वीं जयंती आज भुट्टिको सभागार में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर भुट्टिको के अध्यक्ष एवं पूर्व बागवानी मंत्री सत्य प्रकाश ठाकुर, निदेशक मंडल के सदस्यों तथा कर्मचारियों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सत्य प्रकाश ठाकुर ने कहा कि स्व. लाल चंद प्रार्थी वर्ष 1966 में हिमाचल प्रदेश सरकार में पहले लोक संस्कृति एवं सहकारिता मंत्री बने थे। उन्होंने प्रदेश की लोक संस्कृति, कला और परंपराओं को सहेजने व बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया।
उन्होंने कहा कि प्रार्थी जी न केवल कुल्लू जिला बल्कि पूरे हिमाचल प्रदेश में एक दूरदर्शी जनसेवक के रूप में याद किए जाते हैं। लोक कला, संस्कृति और पहाड़ी सभ्यता के संरक्षण में उनके योगदान को आज भी प्रदेशभर में सम्मानपूर्वक स्मरण किया जाता है।
सत्य प्रकाश ठाकुर ने आगे कहा कि कुल्लू-मनाली क्षेत्र के विकास में भी प्रार्थी जी की अहम भूमिका रही है। कला केंद्र, अस्पताल, कॉलेज निर्माण तथा पर्यटन विकास जैसे कार्य आज भी उनकी दूरदृष्टि का प्रमाण हैं। कुल्लू में स्थापित “लाल चंद प्रार्थी कला केंद्र” प्रदेश का सबसे बड़ा खुला लोक सांस्कृतिक मंच है, जो आज न केवल कुल्लू बल्कि पूरे हिमाचल की पहचान बन चुका है।
उन्होंने यह भी बताया कि प्रार्थी जी ने हमेशा कुल्लू के पारंपरिक परिधानों को विशेष महत्व दिया और उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का कार्य किया। भुट्टिको द्वारा उनकी स्मृति में प्रतिवर्ष “पहाड़ी भाषा, कला, संस्कृति एवं सभ्यता राष्ट्रीय पुरस्कार” प्रदान किया जाता है तथा एक भव्य सांस्कृतिक संध्या का आयोजन भी किया जाता है।

इस अवसर पर भुट्टिको के उपाध्यक्ष मोहर सिंह, निदेशक मंडल के सदस्य आत्मा राम, इन्द्रा देवी, कार्यवाहक मुख्य महाप्रबंधक सूरती देवी, महाप्रबंधक किशन चंद सहित नीना ठाकुर, कविता ठाकुर, वीना देवी, सुरेन्द्र, ओम प्रकाश, रोशन नेगी, शशि ठाकुर, सुषमा, मीरा देवी, सुनील ठाकुर, यशवीर ठाकुर, गौरव ठाकुर, लेखराज, मनीष और चांद किशोर सहित अन्य कर्मचारी भी उपस्थित रहे।













