मौसमक्रिकेटईरान इस्राइल युद्धमेले और त्यौहारस्पोर्ट्सबॉलीवुडजॉब - एजुकेशनबिजनेसलाइफस्टाइलदेश-विदेशराशिफलआध्यात्मिक

हिमाचल के चंबा में बादल फटा, कई गांवों में तबाही – पुल, सड़कें और मकान क्षतिग्रस्त

(फ्रंटपेज न्यूज़)

चंबा। हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश का कहर लगातार बढ़ता जा रहा है। अब प्रदेश के जनजातीय जिला चंबा में मंगलवार को दो स्थानों पर बादल फटने से भारी तबाही मच गई। हालांकि राहत की बात यह रही कि किसी भी तरह की जनहानि की खबर नहीं है, लेकिन दर्जनों घर, सड़कें, पुल और गौशालाएं पानी व मलबे की चपेट में आकर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए।

मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे भलेई उपतहसील के तहत ब्रंगाल और सिमनी पंचायतों में बादल फटने की घटना हुई। अचानक मौसम बदलते ही गांवों में बाढ़ जैसे हालात बन गए। पानी और मलबा कई घरों में घुस गया और लोगों को जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर भागना पड़ा।

ब्रंगाल में तबाही – घरों में घुसा मलबा, चार पुल बह गए

ब्रंगाल पंचायत में स्थिति सबसे ज्यादा गंभीर रही। गांव के कई घरों में करीब तीन फुट तक पानी और कीचड़ भर गया। इससे घरेलू सामान पूरी तरह बर्बाद हो गया। जीप योग्य सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं और क्षेत्र में चार छोटे पुल बह गए। यहां तक कि गांव की वर्षाशालिका भी बाढ़ की चपेट में आ गई। ग्रामीणों ने जोखिम उठाकर अपने मवेशियों को बचाया।

साहला गांव – छह घर खतरे में, मवेशी की मौत

भूस्खलन से प्रभावित साहला गांव में छह से सात मकान खतरे की जद में आ गए हैं। एक गौशाला ढह जाने से उसमें बंधी गाय की मौत हो गई। उफान में एक मोटरसाइकिल और एक कार बह गई, हालांकि कार को बाद में सुरक्षित निकाल लिया गया। वहीं सड़क किनारे खड़ी जेसीबी मशीन पर पहाड़ी से मलबा गिरने से बड़ा नुकसान हुआ है।

मलुडा पंचायत – जमीन धंसने से चार मकान ढहे

डलहौजी उपमंडल के मलुडा पंचायत में भारी भूस्खलन हुआ। बोंखरी मोड़ पर जमीन धंसने से बहुमंजिला इमारत समेत कई भवनों में दरारें आ गईं। प्रशासन ने तुरंत प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा और घर खाली करवाए।

ककियाना गांव – 10 गौशालाएं ढही

डलहौजी उपमंडल के ककियाना गांव में भारी बारिश के कारण 10 गौशालाएं ढह गईं। बासा और चुनहेतर गांवों में भी भूस्खलन से खतरा मंडरा रहा है। ग्रामीणों को लगातार चौकसी में रहना पड़ रहा है।

डलहौजी-खज्जियार मार्ग बंद

बकरोटा वार्ड में डलहौजी-खज्जियार मार्ग का हिस्सा भूस्खलन की चपेट में आ गया। सड़क के नीचे बने एक मकान का चौकीदार आवास क्षतिग्रस्त हो गया है। मार्ग पर यातायात पूरी तरह बंद है। कई क्षेत्रों में बिजली और पानी की सप्लाई भी ठप पड़ी है।

चंबा-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग अवरुद्ध

चंबा-पठानकोट एनएच पर भी कटोरी बंगला, केरू पहाड़, तुनुहट्टी, पंजपुला, बनीखेत, गोली, लाहड, पटना मोड़ और नालडा पुल सहित कई स्थानों पर पहाड़ से मलबा व पेड़ गिरने से मार्ग बार-बार बंद हो रहा है। इससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिए हैं। लोगों को सतर्क रहने और नदी-नालों के पास न जाने की सलाह दी गई है।

You cannot copy content of this page