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सभी पंजीकृत कामगारों के बनेंगे हिमकेयर कार्ड, बच्चों की पढ़ाई और इलाज पर सरकार देगी पूरा सहयोग: CM सुक्खू

On: January 14, 2026 8:30 PM
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फ्रंट पेज न्यूज़ शिमला।
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने प्रदेश के पंजीकृत कामगारों के कल्याण को लेकर अहम निर्देश जारी करते हुए कहा है कि सरकार श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा की योजनाओं का पूरा लाभ सुनिश्चित करेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड में पंजीकृत सभी श्रमिकों के हिमकेयर कार्ड बनाए जाएंगे, ताकि उन्हें बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें।
मुख्यमंत्री ने बोर्ड की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि श्रमिक परिवारों के बच्चों को शिक्षा में किसी भी प्रकार की आर्थिक कमी आड़े नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि पीएचडी, एमबीबीएस, इंजीनियरिंग जैसे उच्च और व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के लिए सरकारी संस्थानों में निर्धारित फीस के अनुसार ही सहायता राशि दी जाए, ताकि श्रमिकों के बच्चों को भी आगे बढ़ने के समान अवसर मिल सकें।
सीएम सुक्खू ने यह भी कहा कि बोर्ड में पंजीकृत कामगारों के दिव्यांग बच्चों को मुख्यमंत्री सहारा योजना से जोड़ा जाए, ताकि उन्हें नियमित आर्थिक सहायता मिलती रहे और उनके परिवारों पर अतिरिक्त बोझ न पड़े।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कामगारों की ई-केवाईसी प्रक्रिया हिम परिवार पोर्टल के माध्यम से जल्द से जल्द पूरी की जाए, ताकि योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके और किसी भी तरह की तकनीकी अड़चन न आए।
बैठक में बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर ने जानकारी दी कि बोर्ड द्वारा पंजीकृत कामगार के विवाह के लिए 51 हजार रुपये की सहायता दी जाती है। इसके अलावा कामगार के दो बच्चों के विवाह के लिए भी 51-51 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है, जो श्रमिक परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित हो रही है।
बोर्ड के सदस्य सचिव एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजीव कुमार ने बताया कि अब तक विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से करीब 500 करोड़ रुपये की राशि खर्च की जा चुकी है। वर्तमान में बोर्ड के अंतर्गत 4 लाख 76 हजार से अधिक कामगार पंजीकृत हैं।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सभी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और तेजी सुनिश्चित की जाए, ताकि सरकार की मंशा के अनुरूप श्रमिकों को योजनाओं का सीधा और वास्तविक लाभ मिल सके।

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